गेट से लौटाए जा रहे भर्ती होने आने वाले मरीज, छह द‍िन में केवल चार मरीज हुआ भर्ती

गेट से लौटाए जा रहे भर्ती होने आने वाले मरीज, छह द‍िन में केवल चार मरीज हुआ भर्ती

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भर्ती होने के लिए आने वाले मरीजों को गेट से ही लौटा दिया जा रहा है। 14 जून को एम्स में 15 बेड का अस्पताल शुरू किया गया था, लेकिन छह दिनों में सिर्फ चार मरीजों को ही भर्ती किया गया। इनमें से सिर्फ एक महिला मरीज भर्ती है।

डाक्‍टर के बिना देखे रेफर क‍िए जा रहे मरीज

पिपराइच थाना क्षेत्र के चिलबिलवा निवासी 72 वर्षीय रामनाथ मौर्य एक सप्ताह से कुछ खा-पी नहीं रहे हैं। शनिवार को बेटा राजू मौर्य उन्हें लेकर एम्स के मुख्य गेट पर पहुंचा। गार्ड ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया। राजू ने बताया कि वह एम्स में पिता को भर्ती कराने लाए हैं। गार्ड की सूचना पर एक नर्स आयी और रामनाथ की आंख की पुतलियों को घुमाया। उसने राजू से बताया कि मरीज की हालत गंभीर है, उसे मेडिकल कालेज या अन्य अस्पताल लेकर जाओ। राजू ने 'दैनिक जागरण' को बताया कि पिता कार में बैठे थे, लेकिन बिना किसी डाक्टर को दिखाए उन्हें वापस कर दिया गया।


शाहपुर के सरस्वतीपुरम निवासी राजकिशोर कुछ दिनों पहले सड़क हादसे में घायल हो गए थे। एम्स में हड्डी के मरीजों के भर्ती होने की जानकारी के बाद स्वजन उन्हें लेकर पहुंचे थे। यहां गार्ड ने बिना डाक्टर को सूचना दिए उन्हें वापस कर दिया। बताया कि गंभीर मरीजों को भर्ती न करने का आदेश है।

महिला को किया गया भर्ती

तीन दिन पहले एम्स की ओपीडी में आयी कुशीनगर निवासी प्रेमलता को शनिवार को भर्ती किया गया। तीन दिन पहले वह भर्ती होने आयी थीं तो कोरोना की जांच रिपोर्ट दिखाने को कहा गया था। स्वजन ने जांच न होने का हवाला दिया तो उसे रिपोर्ट लेकर आने को कहा गया।

आपरेशन थियेटर भी शुरू करने का था दावा

14 जून को एम्स की कार्यकारी निदेशक डा.सुरेखा किशोर ने 15 बेड के अस्पताल और आपरेशन थियेटर का शुभारंभ किया था। बताया था कि 11 बेड का अस्पताल और चार बेड की हाइडिपेंडेंसी यूनिट बनाई गई है। आपरेशन थियेटर में सामान्य सर्जरी, नाक, कान गला रोग की की सर्जरी होगी।

कोविड अस्पताल खाली

एम्स का कोविड अस्पताल पूरी तरह खाली हो गया है। यहां अब कोरोना संक्रमण का एक भी मरीज नहीं है।

मरीज को भर्ती करने का निर्देश दिया गया है। भर्ती न करने की शिकायत मिल रही है। मरीजों को भर्ती करने के लिए ओपीडी इंचार्ज को कहा गया है। - डा. शशांक शेखर, मीडिया प्रभारी एम्स।


बसपा की प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी की सफलता से मायावती प्रसन्न, बोलीं...

बसपा की प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी की सफलता से मायावती प्रसन्न, बोलीं...

उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव 2022 में प्रदेश के 13 प्रतिशत ब्राह्मणों को जोड़ने के प्रयास में बहुजन समाज पार्टी की 23 जुलाई से चल रही प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी की सफलता पर पार्टी की मुखिया मायावती ने काफी प्रसन्नता व्यक्त की है। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश के अन्य दलों पर तंज भी कसा है। बसपा मुखिया मायावती ने इसको लेकर मंगलवार को दो ट्वीट भी किया है।

लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान इंटरनेट मीडिया पर बेहद एक्टिव होने वाली उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने कहा कि मेरे निर्देशन में पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव तथा राज्यसभा सदस्य सतीश चंद्र मिश्रा ने उत्तर प्रदेश में 23 जुलाई से प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी प्रारंभ की है जो कि ब्राह्मण सम्मेलन के नाम से काफी चर्चा में है। मायावती ने कहा कि इसके प्रति प्रदेश में उत्साहपूर्ण भागीदारी यह प्रमाण है कि इनका बीएसपी पर सजग विश्वास है। जिसके लिए सभी का दिल से आभार।

मायावती ने कहा कि अयोध्या से 23 जुलाई को श्रीरामलला के दर्शन से शुरू हुआ प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी का यह कारवां अम्बेडकरनगर व प्रयागराज जिलों से होता हुआ प्रदेश में लगातार सफलतापूर्वक आगे बढ़ता जा रहा है। प्रबुद्ध वर्ग संगोष्ठी से विरोधी पाॢटयों की नींद उड़ गई है। इसको रोकने के लिए अब यह सभी पाॢटयां प्रदेश में किस्म-किस्म के हथकण्डे अपना रही हैं। इनसे सावधान रहें।


बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा कि हमारी पार्टी के ब्राह्मण सम्मेलन में दिखने लगा है कि प्रबुद्ध वर्ग का बसपा पर सजग विश्वास है।