महंत नरेंद्र गिरि के निधन पर शोक की लहर, सीएम योगी समेत दिग्गज नेताओं व संतों ने जताया दु:ख

महंत नरेंद्र गिरि के निधन पर शोक की लहर, सीएम योगी समेत दिग्गज नेताओं व संतों ने जताया दु:ख

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। उनका शव प्रयागराज स्थित अल्लापुर में बांघबरी गद्दी मठ के कमरे में फंदे से लटका मिला है। उनके निधन की खबर फैलते ही मठ पर बड़ी संख्या में भक्त और श्रद्धालु भी पहुंचने लगे हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान, यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव समेत विभिन्न राजनीतिक दलों और संत-महात्माओं ने इस दुखद घटना पर अपनी शोक संवेदनाएं व्यक्त की हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रद्धांजलि देते हुए अपने शोक संदेश में कहा कि 'अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि जी का ब्रह्मलीन होना आध्यात्मिक जगत की अपूरणीय क्षति है। प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान तथा शोकाकुल अनुयायियों को यह दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति!'


समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने महंत नरेंद्र गिरि की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि 'अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष पूज्य नरेंद्र गिरी जी का निधन अपूरणीय क्षति है। ईश्वर पुण्य आत्मा को अपने श्री चरणों में स्थान व उनके अनुयायियों को यह दुख सहने की शक्ति प्रदान करें। भावभीनी श्रद्धांजलि।'


अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरी के निधन से धर्मनगरी अयोध्या में शोक की लहर दौड़ गई है। हनुमानगढ़ी के महंत राजू दास ने अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष के निधन बेहद दुखद बताया है। राजू दास ने कहा कि भगवान से प्रार्थना है कि मृत आत्मा को शांति प्रदान करें। नरेंद्र गिरी का निधन साधु समाज के लिए अपार क्षति के समान है।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने महंत के निधन पर गहरी शोक संवेदना प्रकट की है। उन्होंने कहा, 'अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष पूज्य संत महंत नरेंद्र गिरी जी महाराज के देवलोकगमन की दुःखद सूचना मिली। सनातन धर्म के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले पूज्य स्वामीजी द्वारा समाज के कल्याण में दिए योगदान को सदैव याद किया जाएगा। ईश्वर उनकी आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें।'


उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने नरेंद्र गिरि के निधन पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, 'मुझे विश्वास नहीं हो रहा है कि पूज्य महंत नरेंद्र गिरि जी महाराज ने खुदकुशी की होगी, स्तब्ध हूं, निःशब्द हूं, आहत हूं, मैं बचपन से उन्हें जानता था, साहस की प्रतिमूर्ति थे,मैंने कल ही सुबह 19 सितंबर को आशीर्वाद प्राप्त किया था, उस समय वह बहुत सामान्य थे बहुत ही दुखद असहनीय समाचार है ! पूज्य महाराज जी ने देश धर्म संस्कृति के लिए जो योगदान दिया है उसे भूलाया नहीं जा सकता है, अश्रुपूर्ण विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। भगवान से प्रार्थना है कि सभी भक्तों शिष्यों को दुख सहने की शक्ति दें भगवान पुण्यात्मा को चरणों में स्थान दें !! ॐ शान्ति शान्ति शान्ति'।


UP: जौनपुर में गिरा दो मंजिला जर्जर मकान, 5 लोगों की मौके पर मौत, 6 घायल

UP: जौनपुर में गिरा दो मंजिला जर्जर मकान, 5 लोगों की मौके पर मौत, 6 घायल

उत्तर प्रदेश के जौनपुर (Jaunpur) शहर कोतवाली क्षेत्र के बड़ी मस्जिद के पीछे मोहल्ला रोजा अर्जन में गुरुवार की देर रात जर्जर दो मंजिला कच्चा मकान आकस्मित गिर गया बताया जा रहा है कि रात को सोते समय हादसे में 11 लोग मलबे में दब गए जिसमें से एक महिला और तीन बच्चे समेत पांच लोगों की मलबे में दबकर मौके पर मृत्यु हो गई जबकि 6 लोगों घायल हो गए जिन्हें उपचार के लिए जिला हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है मकान गिरने की सूचना मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया

जानकारी होने के बाद जिला प्रशासन राहत बचाव कार्य में जुट गया सभी घायलों को उपचार के लिए जिला हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है जहां घायलों की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है सूचना मिलने पर जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा और पुलिस अधीक्षक अजय कुमार साहनी मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव काम कराते हुए सभी को जिला हॉस्पिटल पहुंचाया एसपी के अनुसार मलबे में दबे सभी लोगों को बाहर निकाल लिया गया है

बता दें कि जौनपुर नगर मोहल्ला रौज़ा अर्जन में कमरूद्दीन और जलालुदीन का तीन मंजिला मकान था जो पुराना और जर्जर हो गया था रात लगभग 11 बजे परिवार के कुछ मेम्बर सो रहे थे वहीं कुछ लोग बैठकर बातें कर रहे थे कि इसी दौरान पूरा मकान भरभरा कर गिर गया जिसमें चांदनी (18), शन्नो (55), गयासुद्दीन (17), मोहम्मद असाउददीन (19), हेरा (10) और स्नेहा (12), संजीदा (37), मोहम्मद कैफ (8), मिस्बाह (18) और पड़ोस के अजीमुल्लाह (68)दब गए. लोकल लोगों और जिला प्रशासन ने दबे लोगों को निकाल कर घायलावस्था में जिला हॉस्पिटल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने संजीदा पुत्री जमालुद्दीन, अजीमुल्ला पुत्र कतवारू, मोहम्मद कैफ पुत्र जमालुद्दीन, मोहम्मद सेफ पुत्र जमालुद्दीन और मिस्वाह पुत्री जमालुद्दीन को मृत घोषित कर दिया

रेस्क्यू ऑपरेशन खत्म
अन्य 6 घायलों का उपचार जिला हॉस्पिटल में चल रहा है हादसे की सूचना पर पुलिस और फायर ब्रिगेड के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और राहत और बचाव काम प्रारम्भ किया कई लोगों के रात में दबे होने की वजह से आधी रात के बाद भी राहत और बचाव काम चलता रहा प्रशासनिक ऑफिसरों के मुताबिक आधी रात के बाद पूरी तसल्ली होने के बाद ही अभियान समाप्त किया गया हादसे के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है