Sidharth Shukla के निधन की वजह से इस एक्ट्रेस ने नहीं शेयर की रोके की तस्वीर

Sidharth Shukla के निधन की वजह से इस एक्ट्रेस ने नहीं शेयर की रोके की तस्वीर

टीवी के मशहूर अभिनेता और बिग बॉस 13 के विजेता सिद्धार्थ शुक्ला का इस महीने हार्ट अटैक की वजह से निधन हो गया है। उनके निधन से टीवी इंडस्ट्री और फैंस काफी हैरान हैं। वहीं सिद्धार्थ शुक्ला के करीबी दोस्त उन्हें अक्सर याद करते रहते हैं। साथ ही दिवंगत अभिनेता से जुड़ी अपनी यादों को शेयर करते रहते हैं। अब टीवी अभिनेत्री आस्था चौधरी ने सिद्धार्थ शुक्ला के साथ अपनी दोस्ती के बारे में बात की है।

उन्होंने कहा है कि सिद्धार्थ शुक्ला उनके खास दोस्तों में से एक थे और अभिनेत्री ने उनके निधन की वजह से अपनी रोका सेरेमनी को काफी साधारण तरीके से मनाया। आस्था चौधरी जल्द ही में टीवी अभिनेता आदित्य बनर्जी से शादी करने वाली हैं। उन्होंने बीती 10 तारीख को अपने होमटाउन इलाहाबाद में आदित्य के साथ रोका किया है। आस्था चौधरी ने हाल ही में अंग्रेजी वेबसाइट बॉम्बे टाइम्स से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने सिद्धार्थ शुक्ला के साथ अपनी बॉन्डिंग और अपने रोके को लेकर ढेर सारी बातें कीं।

सिद्धार्थ शुक्ला के साथ अपनी दोस्ती के बारे में बात करते हुए आस्था चौधरी ने कहा, 'हम लोगों ने रोका की तारीख अगस्त में ही फाइनल कर दी थी जब आदित्य मेरे परिवार से मिले थे। तब यह फैसला लिया गया था कि गणेश चतुर्थी के मौके पर रोका होगा। कोई और दिन नहीं मिल रहा था। दुर्भाग्य से, 2 सितंबर को मैंने अपने बेहद करीबी दोस्त सिद्धार्थ शुक्ला को खो दिया। इसलिए हमने बिल्कुल खामोशी और साधारण के साथ रोका सेरेमनी कर ली।'


आस्था चौधरी ने आगे कहा, 'मैंने न तो इसकी कोई तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर कीं और न इस बारे में किसी से बात की क्योंकि यह ठीक नहीं लगता। मैं सिद्धार्थ के काफी करीबी थी। मैंने उन्हें अपने रोका के बारे में बताया था तो वह बहुत खुश हुए थे। तब उन्होंने मुझसे कहा था कि सही है, मैं तुम्हारे लिए बहुत खुश हूं। घर बसा ले। इसके बाद सिद्धार्थ से मेरी आखिरी बार 17 अगस्त को बात हुई थी। मुझे अभी भी सिद्धार्थ के जाने का बहुत दुख है।'

आस्था चौधरी और सिद्धार्थ शुक्ला ने साल 2008 में साथ काम किया था। इसके बाद से इन दोनों की दोस्ती काफी अच्छी थी। आपको बता दें कि 2 सितंबर को उस समय आम से लेकर हर खास इंसान तक का दिल टूट गया था जब अभिनेता सिद्धार्थ शुक्ला के निधन की खबर सामने आई। सिद्धार्थ शुक्ला के निधन की खबर आने के बाद कोई इसे मानने को तैयार ही नहीं था, लेकिन जैसे ही इस खबर की पुष्टि हुई हर किसी की आंखें नम हो गईं। सिद्धार्थ के करीबी अब तक भी उन्हें भुला नहीं पा रहे हैं।


जब शाहरुख खान ने कहा- मैं अपने पिता की तरह नहीं मरना चाहता, जानिए कैसे हुई थी मृत्यु

जब शाहरुख खान ने कहा- मैं अपने पिता की तरह नहीं मरना चाहता, जानिए कैसे हुई थी मृत्यु

नई दिल्ली: बॉलीवुड के किंग कहे जाने वाले शाहरुख खान की फैन फॉलोइंग पूरे विश्व में है. उनको देखकर हर किसी की ये ही चाहत होती है कि काश उनके जैसा स्टारडम उन्हें मिल पाता. लेकिन शाहरुख आज जिस स्थान पर हैं वहां पहुंचना उनके लिए बिल्कुल भी सरल नहीं था. उनका बचपन गरीबी में बीता था. लेकिन उनकी जीवन में सबसे बुरा दौर तब आया जब उनके पिता मीर ताज मोहम्मद खान का मृत्यु हो गया. इस घटना ने न केवल शाहरुख खान बल्कि उनके पूरे परिवार को तोड़कर रख दिया था. हालांंकि, इसके बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी और बॉलीवुड के सुपस्टार बन गए.

शाहरुख खान ने वर्ष 2012 में दिए एक साक्षात्कार में बोला था कि वह अपने पिता की तरह नहीं मरना चाहते. उन्होंने अपने पिता को 'सबसे पास फेल्यिर' बताया था. इस साक्षात्कार में शाहरुख ने ये भी बताया था कि पिता की मृत्यु के बाद उनकी जीवन में एक खालीपन आ गया था. उस खालीपन को भरने के लिए वह अभिनय करते हैं. शाहरुख ने कहा, 'कहीं न कहीं मेरे अंदर एक खालीपन है. एक बेचैनी सी है, कुछ अजीब सा है, जिसे में ऐक्टिंग से भरने की प्रयास करता हूं.'



शाहरुख के पिता को कैंसर था. जब उनकी मृत्यु हुई उस समय शाहरुख पंद्रह वर्ष के थे. एक तो शाहरुख पिता की मृत्यु से पहले ही टूट चुके थे. ऊपर से ड्राइवर ने उनके पापा की बॉडी को गाड़ी में घर पर लाने से मना कर दिया था. उस समय उन्हें ड्राइविंग करनी नहीं आती थी. लेकिन किसी तरह उन्होंने गाड़ी चलाई और पिता की बॉडी को घर तक लाए. गाड़ी में उनकेे साथ उनकी मम्मी भी थीं. उनकी अम्मी ने उनसे पूछा कि तुमने गाड़ी चलाना कब सीखा? इस पर शाहरुख ने उत्तर दिया, बस अभी.

पिता की मृत्यु से शाहरुख की बहन को गहरा सदमा लगा था और वह बेहोश हो गईं. दो वर्षों तक उनकी बहन पिता को खोने के शॉक में रहीं और डिप्रेशन में चली गईं. ऐसे में शाहरुख ने स्वयं को मजबूत किया घर परिवार का जिम्मेदारी संभाली. शाहरुख ने बोला था कि डिप्रेशन न हो इसलिए वह अभिनय करते हैं. उनका बोलना था कि वह अपने पिता की तरह एक अनजान बनकर नहीं मरना चाहते. उन्हें अपने पिता पर गर्व था, पर मानते थे कि उनके पिता के अंदर कहीं न कहीं फेलियर को लेकर एक डर था.