चिराग की अक्षमता से लोजपा में हुआ विभाजन, केसी त्‍यागी बोले...

चिराग की अक्षमता से लोजपा में हुआ विभाजन, केसी त्‍यागी बोले...

लोजपा में छिड़े विवाद से जदयू ने अपना पल्ला झाड़ लिया है। पार्टी के प्रधान महासचिव और प्रवक्ता केसी त्यागी ने  कहा-यह चिराग की आक्रामक कार्यशैली और संगठन चलाने में अक्षम रहने की परिणति है। जदयू को कभी लोजपा से मतलब नहीं रहा है। लोजपा का चुनावी तालमेल भाजपा से था। त्यागी ने शुक्रवार को कहा कि चिराग अपनी पार्टी में विभाजन के लिए बेवजह जदयू और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का नाम ले रहे हैं। 2005 से 2020 तक के लोकसभा या विधानसभा चुनावों में कभी जदयू के साथ लोजपा का चुनावी गठबंधन नहीं हुआ।

त्‍यागी ने कहा- कभी साथ नहीं रही लोजपा

त्‍यागी ने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव के पहले तक लोजपा और जदयू अलग-अलग गठबंधन के साथ चुनाव लड़े। 2019 के पहले के सभी चुनावों में लोजपा अलग-अलग गठबंधन का हिस्सा बनी। लेकिन, उससे पहले के किसी चुनाव में जदयू उस गठबंधन में भागीदार नहीं रहा, जिसमें लोजपा भी शामिल थी। 2020 के विधानसभा चुनाव में भी लोजपा को सीट देने का विषय जदयू का नहीं था।


मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार ने दिखाई थी उदारता

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जरूर उदारता दिखाई। लोजपा के संस्थापक रहे रामविलास पासवान का सम्मान किया। उनके मुताबिक एक सुबह रामविलास पासवान, पशुपति कुमार पारस और चिराग पासवान मुख्यमंत्री आवास पहुंचे। नाश्ता के साथ बातचीत हो रही थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि वह पशुपति कुमार पारस को अपने कैबिनेट में शामिल करना चाहते हैं। रामविलास पासवान चकित हुए। कहा-पारस तो विधायक नहीं हैं। मंत्री कैसे बनेंगे? नीतीश ने तुरंत कहा कि वे पारस को विधान परिषद का सदस्य बना देंगे। उन्होंने ऐसा किया भी।


राजद से भी तीखा हमला किया लोजपा ने

केसी त्यागी ने कहा-बेशक चिराग की शैली शुरू से जदयू के विरोध की रही है। विधानसभा चुनाव में चिराग ने नीतीश कुमार को सत्ता से बेदखल करने का नारा दिया। उन्होंने कई मौके पर सरकार की आलोचना की। उनका स्वर मुख्य विपक्षी दल राजद से भी तीखा था। फिर भी नीतीश ने कभी उन्हें जवाब नहीं दिया। अब, पार्टी में फूट पड़ी है तो चिराग इसके लिए जदयू को जिम्मेवार ठहरा रहे हैं। जबकि पूरी घटना के लिए वह खुद ही जिम्‍मेदार हैं।


बिहार में मुखिया ने बार बालाओं से कराया 'तमंचे पर डिस्‍को'; फायरिंग कर इलाके को दहलाया

बिहार में मुखिया ने बार बालाओं से कराया 'तमंचे पर डिस्‍को'; फायरिंग कर इलाके को दहलाया

कोरोना का खतरा अभी टला नहीं। केस कम आ रहे हैं, इसलिए थोड़ी रियायत दी गई है। लेकिन, रात नौ बजे के बाद से सुबह पांच बजे तक नाइट कर्फ्यू लागू है। किसी प्रकार के सामाजिक आयोजन की अनुमति नहीं है। इसका उल्‍लंघन करना गैरकानूनी है।

दूसरी तरफ, किसी भी समारोह में हर्ष फायरिंग को कानूनन अवैध व अपराध करार दिया है। इन सबके बावजूद बिहार के एक मुखिया ने नाइट कर्फ्यू के दौरान रंगारंग कार्यक्रम में बार बालाओं को तमंचे पर डिस्‍को कराया। अपनी पिस्‍तौल से धायं-धायं कर इलाके में दहशत फैला दी।

नबीनगर थाना क्षेत्र में हुई घटना

नबीनगर थाना मुख्यालय में एक पार्षद के घर पर लॉकडाउन व नाइट कर्फ्यू का उल्लंघन करते हुए 21 जुलाई की रात में आर्केष्ट्रा का प्रोग्राम हुआ। मंच पर नर्तकियों के साथ एक मुखिया ने डांस किया और पिस्टल से फायरिंग की पर थाना की पुलिस को भनक तक नहीं लगी। पूरी रात आर्केष्ट्रा के कलाकार नाचते रहे, डीजे साउंड बजता रहा, फायरिंग हुई और पुलिस को जानकारी नहीं मिली।


पुलिस के कानों तक नहीं पहुंची गोली चलने की आवाज

फायरिंग की आवाज आसपास के लोगों ने सुनी पर पुलिस के कान तक नहीं पहुंची। पुलिस के इस सूचना तंत्र पर सवाल उठ रहा है। मामला तब सामने आया जब मुखिया के नर्तकियों के साथ डांस करते और पिस्टल से फायरिंग करते वीडियो सोमवार को वायरल हुआ। पुलिस के पास जब यह मामला पहुंचा, वीडियो देखा तो जांच शुरु की है। पार्षद के अलावा मुखिया के नबीनगर स्थित आवास एवं गांव में पुलिस छापामारी की है। हालांकि छापामारी में पुलिस को कोई सफलता नहीं मिली है।


एसपी बोले- करेंगे मामले की जांच

एसपी कांतेश कुमार मिश्र ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। अब यह देखना है कि पुलिस की जांच में क्या मामला सामने आता है। फायरिंग करने वाले मुखिया एवं आर्केष्ट्रा कराने वाले पार्षद पुलिस के पकड़ में आते की नहीं। यह चर्चा लोगों में हो रहा है। गौरतलब है कि आइपीएस कांतेश मिश्र पहले पटना के ग्रामीण एसपी (Patna Rural SP) के पद पर थे।


चेयरमैन के खिलाफ हो रही पार्टी में लगे थे ठुमके

बताया जाता है कि नबीनगर नगर पंचायत के चेयरमैन आरती देवी के खिलाफ कुछ पार्षदों ने अविश्वास प्रस्ताव लाया है। इसी उपलक्ष्य में पार्षद के घर पर आर्केष्ट्रा का प्रेाग्राम हुआ और पार्षदों ने कालाकारों के साथ मंच पर खूब नाचा। हालांकि, जो वीडियो वायरल हुआ है, उसमें मुखिया की साफ पहचान हो रही है। चर्चा है कि आर्केष्ट्रा के दौरान शराब पार्टी भी हुई है पर इसकी पुष्टि नहीं हो पाई है।